प्लेटलेट्स बढ़ जाने से क्या होता है?HealthPlanet

Posted on Sat 10th Dec 2022 : 15:30

तनाव के कारण बढ़ सकता है प्लेटलेट काउंट, हो सकती है ये परेशानियां :-

शरीर को स्‍वस्‍थ रखने में प्‍लेटलेट्स महत्‍वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. प्‍लेटलेट्स का निर्माण बोन मैरो में होता है, जो बॉडी की बोंस के भीतर एक स्‍पंजी टिशू होता है. प्‍लेटलेट्स छोटे ब्‍लड सेल्‍स होते हैं जो ब्‍लीडिंग रोकने के लिए क्‍लॉट बनाने में मदद करते हैं. जब ब्‍लड में जरूरत से ज्‍यादा प्‍लेटलेट्स हो जाते हैं तब इसे थ्रोम्‍बोसाइटोसिस या हाई प्‍लेटलेट काउंट कहते हैं. एब्‍नॉर्मल ब्‍लड टेस्‍ट रिजल्‍ट की तरह हाई प्‍लेटलेट लेवल को लेकर भी चिंता होना स्‍वाभाविक है. लेकिन हाई प्‍लेटलेट काउंट हमेशा चिंताजनक नहीं होता है लेकिन इसकी अनदेखी करना भी ठीक नहीं है. हाई प्‍लेटलेट काउंट से कई बार गंभीर बीमारी होने का भी खतरा होता है. प्‍लेटलेट काउंट बढ़ने का एक कारण अत्‍यधिक तनाव भी हो सकता है. प्‍लेटलेट्स की ब्‍लड में सामान्‍य संख्‍या 150,000 से 450,000 प्रति माइक्रोलीटर है. 450,000 से अधिक प्‍लेटलेट लेवल को थ्रोम्‍बोसाइटोसिस के रूप में देखा जाता है.

ब्‍लड क्‍लॉट की समस्‍या-
वेरीवेल हेल्‍थ के मुताबिक जिन लोगों में प्‍लेटलेट्स काउंट हाई लेवल पर होता है अक्‍सर उन्‍हें किसी तरह की परेशानी नहीं होती है. लेकिन हाई प्‍लेटलेट्स काउंट वाले कुछ लोगों को ब्‍लड क्‍लॉट की समस्‍या हो सकती है. कई बार ब्‍लड वेसल्‍स में ब्‍लड क्‍लॉट्स बन सकते हैं. सामान्‍य तौर पर ये ब्‍लड क्‍लॉट्स हाथ, पैर और मस्तिष्‍क में बनते हैं. ये क्‍लॉट प्रॉपर ब्‍लड फ्लो में रुकावट पैदा करते हैं. इस वजह से सिर दर्द, चक्‍कर आना, स्‍ट्रॉक और नसों में दर्द या सुन्‍नपन की समस्‍या हो सकती है.

हाई ब्‍लड प्रेशर-
बहुत अधिक या बहुत कम प्‍लेटलेट्स लेवल से कई तरह की परेशानियां हो सकती हैं, इनमें हाई ब्‍लड प्रेशर, स्‍लो फेटल ग्रोथ, प्रीमेच्‍योर डिलीवरी, वॉम्‍ब से प्‍लेसेंटा का सेप्रेशन, मिसकैरिज जैसी दिक्‍कत का भी सामना करना पड़ता है.

कैंसर होने की खतरा-
हाई प्‍लेटलेट्स की वजह से कई तरह के कैंसर होने की खतरा भी बढ़ जाता है. थ्रोम्‍बोसाइटोसिस के शुरुआती दौर में ब्‍लड सेल कैंसर होने का खतरा होता है, जिसे एक्‍यूट ल्‍यूकेमिया कहते हैं. हालांकि इस कैंसर से पीडित लोगों की संख्‍या काफी कम है. प्‍लेटलेट्स बढ़ने की वजह से सामान्‍य तौर पर ओवेरियन कैंसर, लंग कैंसर और ब्रेस्‍ट कैंसर के मामले सबसे ज्‍यादा देखे गए हैं. प्‍लेटलेट्स की अत्‍यधिक संख्‍या की वजह से गैस्‍ट्रोइंटेस्‍टाइनल कैंसर भी हो सकता है.

solved 5
wordpress 3 years ago 5 Answer
--------------------------- ---------------------------
+22

Author -> Poster Name

Short info